गोठ बात

मड़ई मेला

हमर छत्तीसगढ़ माटी के एकठन प्रमुख परब (तिहार) मड़ई मेला हर आय। मड़ई के नाव लेत्तेच म मन मा उत्साह अउ उमंग भर जथे। ए तिहार ला हमर राउत भैया मन बड़ धूम धाम से मनाथे। मड़ई मेला देवारी ले लेके महाशिवरात्रि परब तक चलथे। मड़ई मेला के आयोजन राउत भैया अऊ पूरा गाँव भरके […]

वीडियो

नंदावत जांता : वीडियो

जांंता पुरखा के हमर, कनकी पिसे पिसान। रोटी लागय बड़ गुतुर, खाके देख मितान।। नंदावत जांता ल, हेमलाल साहू के बनाये वीडियो म देखव-

कविता

कबिता: वाह रे मोर गाँधी बबा के नोट

वाह रे मोर गाँधी बबा के नोट, जम्मो भारत मा तोरेच गोठ। तोर नोट के बीना कुछ बुता नई होवे, जम्मो भारत मा तोरेच शोर उड़े। 5,10,20,50,100,500,1000 के नोट मा फोटो चिपके, कुछु समान ले नोट मा तोर फोटो देख समान देवे। वाह रे मुण्डा बबा तोर नोट के कमाल, तोर नोट के खातिर होवत […]

गोठ बात

पर्यावरण परब विशेष — मोर सुरता के गाँव

मोर गाँव गिधवा पो.नगधा, तह. नवागढ़, जिला बेमेतरा मा आथे। गाव के नाव ला सुनके सब अबड़ हासथे। मोर गाव के नाव गिधवा पड़िस तेकर पाछु एकठन कहानी हे सियानमन बताथे कि हमर गाव मा पहली समय मा चिरईय—चिरबुन अबड़ रहय अऊ गिध्द के इहा माड़ा रहय भारी बड़े बड़े गिध्द ला उड़ावत देख ले अगर कोनो मेरा कहु […]

कविता

चल रे चल संगी चल

चल रे चल संगी चल बेरा के संगे—संग चल। ऐतेक अलाल झन बन, बेरा के संगे—संग चल। नई तो बेरा ला गवा देबे, ते जवाना ले पिछवा जाबे। बुता हा बाढ़ जाही, बेरा हा अपन रद्दा निकल जाही। बाद में ते पछताबे, अपन संगी ले दुरिहा जाबे। जेन बेरा के संग चले, ओला दुनिया पसंद […]

कविता

हेमलाल साहू के कविता

हमर माटी हमर गोठ भगवान के पूजा करथव सही रद्दा मा चलथव। सब्बो झन ला अपन समझथव ज्ञान के संग ला धरथव अपन अज्ञानता ला भगाथव दाई ददा के गुन गाथव। ईश्वर के मया, कृपा अऊ दुलार हे छत्तीसगढ़ माटी के पहचान हे। किसान बेटा के नाम हे बुता बनिहारी के काम हें। हेमलाल मोर […]

कविता

ये दुनिया हे गोल तैय कुछ मत बोल

ये दुनिया हे गोल तैय कुछ मत बोल ये आधुनिक युग के जावाना तैय झन पछताना कान मा सुन आँखी मा देख अपन रद्दा चुपचाप रेग। जिन्दगी होगे सुखियार काम बुता मा मन नईय लागे जबले आलस्य हा डाले डेरा जागर मा पड़गे किड़ा। झुण्ठ बोलय पैसा कमावय भ्रष्टाचार ला अपन व्यवसाय बनावय लईका से […]

कविता

मोरे छत्तीसगढ़ के संगवारी

मोरे छत्तीसगढ़ के संगवारी भैईया मोरे किसान बैईला, नागर, तुतारी तोरे पहचान भुईयाँ दाई तोरे महतारी गा सियान तोला कहिथे छत्तीसगढ़ के मितान भैईया मोरे किसान। मोरे छत्तीसगढ़ के संगवारी भैईया मोरे बनिहार गईति,रापा,हसिया,टगिया तोरे पहचान भुईयाँ दाई तोरे महतारी गा सियान तोला कहिथे छत्तीसगढ़ के मितान भैईया मोरे बनिहार। मोरे छत्तीसगढ़ के संगवारी मोरे […]

कहानी

अड़हा दिमाग के कमाल

आवव संगी तुमन ला सुनावथ हव दशरू बबा के कहानी ला बबा हा निचट अड़हा रहय फेर जिन्दगी मा पढ़े नी रहीस पर कढ़े जरूर रहीस हे दशरू बाबा बड़ गरीब रहय घर मा ढोकरी दाई अऊ बबा रहय दुनो झन बनी भुती करके जिन्दगी चलावय दिन रात हरी गुन ला गावय सुख सुख दिन […]

कविता

भुईया दाई करत हे गोहार

भुईया दाई करत हे गोहार भुईया दाई करत हे गोहार छोड़ के झन जा भैईया शहर के द्वार ये नदिया-नरवा, ये रूखराई तोला पुकारत हे मोर भाई चिरई-चिरबुन मया के बोली बोलत हे तुरह जवई जा देख जिहाँ खऊलत हे गाँव के बईला-भैईसा, गया-गरूवामन मया के आसु रोवत हे हमर जतन कराईया हा शहर मा […]